Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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उत्तर प्रदेश और जापान के बीच ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक पर ऐतिहासिक समझौता

उत्तर प्रदेश और जापान के बीच ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक को लेकर ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस समझौते के तहत दोनों देश आपसी सहयोग से इस तकनीक को प्रदेश में लागू करेंगे और पर्यावरण के अनुकूल ऊर्जा समाधान को बढ़ावा देंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने इस पहल को आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेट जीरो लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
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उत्तर प्रदेश और जापान के बीच ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक को लेकर ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं। इस समझौते के तहत दोनों देश आपसी सहयोग से इस तकनीक को प्रदेश में लागू करेंगे और पर्यावरण के अनुकूल ऊर्जा समाधान को बढ़ावा देंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने इस पहल को आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेट जीरो लक्ष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।


छात्रों के लिए जापान में प्रशिक्षण और कौशल विकास

एमओयू के तहत उत्तर प्रदेश के उच्च तकनीकी संस्थानों के छात्र जापान में विशेष प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य छात्रों को ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक में विशेषज्ञ बनाना और उन्हें इंडस्ट्री, पब्लिक ट्रांसपोर्ट और ऊर्जा क्षेत्र में इस तकनीक को लागू करने के लिए तैयार करना है। इससे प्रदेश में तकनीकी कौशल और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।


प्रदेश में उद्योग और ऊर्जा क्षेत्र में तकनीक का क्रियान्वयन

इस पहल के अंतर्गत ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक को उत्तर प्रदेश की इंडस्ट्री और ऊर्जा क्षेत्र में लागू किया जाएगा। पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम में भी इस तकनीक के प्रयोग से प्रदूषण घटाने और स्वच्छ ऊर्जा का उपयोग बढ़ाने में मदद मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह एमओयू प्रदेश को सतत विकास और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में अग्रणी बनाएगा।

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