Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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Noida: भूजल स्तर गिरने पर जिला पर्यावरण समिति सख्त, वर्षा जल संचयन सिस्टम दुरुस्त करने के निर्देश

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Noida: तेजी से गिरते भूजल स्तर को देखते हुए जिला पर्यावरण समिति ने कड़ा रुख अपनाते हुए तीनों प्राधिकरणों, सभी आवंटियों और मेट्रो स्टेशनों को पत्र जारी किया है। इस पत्र में मानसून से पहले वर्षा जल संचयन (RWH) सिस्टम को ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि अधिकतम जल संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके और भूजल पुनर्भरण में सुधार हो। पर्यावरणविद विक्रांत तोंगड़ की सिफारिशों पर आधारित इन निर्देशों का उद्देश्य जल संकट से निपटने के लिए प्रभावी कदम उठाना है। आइए जानते है क्या है पूरा मामला। पूरी जानकारी के लिए इस खबर को अंत तक जरूर पढ़े।

Noida: शहर में नही काम कर रहा है आरडब्ल्यूएच सिस्टम

पर्यावरणविद विक्रांत तोंगड़ के अनुसार, शहर में कई सरकारी और निजी इमारतों के आरडब्ल्यूएच सिस्टम काम नहीं कर रहे हैं या फिर वे गंदे और अव्यवस्थित हैं। कुछ स्थानों पर यह सिस्टम गलत तरीके से बनाए गए हैं, जिससे मानसून के दौरान लाखों लीटर बारिश का पानी बर्बाद हो जाता है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि अगर इन व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया जाए, तो जल संचयन में उल्लेखनीय सुधार हो सकता है। इस दिशा में Noida के जिला पर्यावरण समिति ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि मानसून से पहले सभी वर्षा जल संचयन संरचनाओं की सफाई और मरम्मत सुनिश्चित की जाए।

समिति ने दिए सख्त आदेश 

समिति ने अधिकारियों को आदेशों का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए हैं, जिससे शहर के जल संकट को दूर किया जा सके। आरडब्ल्यूएच सिस्टम का सही ढंग से रखरखाव न होने से पानी की भारी बर्बादी होती है, जो भविष्य में गंभीर समस्या का कारण बन सकती है। यदि Noida में मानसून से पहले सभी संस्थान और भवन अपने संचयन सिस्टम को सुधार लें, तो यह पर्यावरण संरक्षण और जल स्तर सुधारने की दिशा में एक प्रभावी कदम साबित होगा।

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