Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
BREAKING NEWS
● यूपी के भाजपा विधायक पर गंभीर आरोप, युवकों को उल्टा लटकाकर पीटने और करंट लगाने का दावा ● ग्रेटर नोएडा में सेफ सिटी परियोजना में देरी, 2700 कैमरे लगाने का इंतजार बढ़ा ● कोहरे में हादसे रोकने की तैयारी, ग्रेनो वेस्ट-130 मीटर रोड पर लग रहे रोड ब्लिंकर्स ● ग्रेनो में अवैध डंपिंग पर प्राधिकरण सख्त, एम्स गोल्ड होम पर 40,400 रुपये का जुर्माना ● पांच विद्यालयों के विद्यार्थियों के बीच होगा जूनियर चैंपियनशिप स्पोर्ट्स कार्निवल 2026 ● जेवर एयरपोर्ट का नाम बदलेगा, नरेंद्र मोदी इंटरनेशनल एयरपोर्ट रखने को योगी कैबिनेट की मंजूरी ● ग्रेटर नोएडा से KGP तक बनेगी सीधी कनेक्टिविटी, 105 मीटर चौड़ी सड़क का होगा विस्तार ● वॉलीबॉल चैंपियंस लीग: अयोध्या गर्जन और नम्मा बेंगलुरु स्मैशर्स की शानदार जीत ● क्लासरूम से समुदाय तक बच्चों की सुरक्षा पर शारदा स्कूल ऑफ लॉ ने चलाया जागरूकता अभियान ● एम.एम.एच. कॉलेज में वन्यजीव सप्ताह का समापन, पोस्टर और स्लोगन प्रतियोगिता में छात्रों ने दिखाई रचनात्मकता

ग्रेटर नोएडा में बसपा शासनकाल हुए विकास कार्यों की हो उच्च स्तरीय जांच – श्याम सिंह भाटी

top-news

ग्रेटर नोएडा। नोएडा व्यूज

ग्रेटर नोएडा वर्ष 2007 से 2012 में बसपा सरकार में ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण द्वारा गांव में किए गए विकास कार्यों की उच्चस्तरीय जांच कराने के लिए सपा नेता श्याम सिंह भाटी एडवोकेट ने नोएडा विकास प्राधिकरण की मुख्य कार्यपालक अधिकारी रितु माहेश्वरी को एक पत्र लिखा है। पत्र में श्याम सिंह भाटी ने लिखा है कि तत्कालीन बसपा सरकार में बसपा नेताओं व अधिकारियों की मिलीभगत से विकास कार्यों में हजारों करोड़ रुपए का घोटाला किया गया है। उस दौरान बहुत सारे गांव में विकास कार्यों के नाम पर गावों में सीवर डाले गए, बरात घर बनाए गए, लेकिन आज तक वह सीवर लाइन चालू नहीं हो पाई है। पत्र में उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारियों व नेताओं के गठजोड़ विकास कार्य के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया गया और सरकार का हजारों करोड़ रुपए लूटा गया। उन्होंने मांग की कि इन सभी विकास कार्यों की एक उच्च स्तरीय कमेटी बनाकर जांच की जाये और जांच में दोषी पाए जाने वाले लोगों से प्राधिकरण के लूटे गए धन की वसूली होने की जाये। श्याम सिंह भाटी का कहना है कि यदि इन घोटाले की जांच नहीं की गई, तो वह एक जनहित याचिका उच्च न्यायालय में दाखिल की जाएगी।