Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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World TB Day: केवल फेफड़े ही नहीं, शरीर के इन अंगों को भी बर्बाद कर सकता है टीवी

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World TB Day: ट्यूबरक्लोसिस (टीबी) एक गंभीर संक्रामक बीमारी है जो मुख्य रूप से फेफड़ों को प्रभावित करती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह शरीर के अन्य महत्वपूर्ण अंगों में भी फैल सकती है? एक्सट्रा-पल्मोनरी टीबी के रूप में जाना जाने वाला यह संक्रमण मस्तिष्क, हड्डियों, किडनी और यहां तक कि हृदय को भी नुकसान पहुंचा सकता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, टीबी वैश्विक स्तर पर मृत्यु का एक प्रमुख कारण बनी हुई है, विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहां स्वास्थ्य सेवाएं सीमित हैं। 24 मार्च को विश्व टीबी दिवस के रूप में मनाया जाता है, जिससे लोगों को इस बीमारी के प्रति जागरूक किया जा सके।

World TB Day: मस्तिष्क, हड्डियां और किडनी भी हैं जोखिम में

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, जब टीबी मस्तिष्क की झिल्लियों (मेनिंजेस) को प्रभावित करती है, तो इसे ट्यूबरकुलस मैनिंजाइटिस कहा जाता है, जिससे तेज बुखार, सिरदर्द, गर्दन में अकड़न और भ्रम की स्थिति हो सकती है। इसी तरह, हड्डियों में टीबी (ट्यूबरकुलस ऑस्टियोमाइलाइटिस) होने पर जोड़ और रीढ़ की हड्डी प्रभावित हो सकती है, जिससे दर्द और विकृति का खतरा बढ़ जाता है। किडनी में टीबी संक्रमण भी संभव है, जिसके लक्षणों में पेशाब में खून आना और बार-बार पेशाब की समस्या शामिल हैं। इन मामलों का शुरुआती निदान आवश्यक है, क्योंकि कई बार लक्षण स्पष्ट नहीं होते।

हृदय को भी प्रभावित कर सकता है टीबी

बात अगर World TB Day पर दिल की करें तो टीबी से हृदय भी अछूता नहीं है। दुर्लभ मामलों में, यह मायोकार्डिटिस (हृदय की मांसपेशियों में सूजन) का कारण बन सकता है, जिससे सांस लेने में तकलीफ, सीने में दर्द और थकान जैसी गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। यह स्थिति हृदय गति को प्रभावित कर सकती है, जिससे हार्ट फेलियर और मृत्यु तक हो सकती है। इसलिए, समय पर टीबी का निदान और उचित उपचार अत्यंत आवश्यक है। भारत सरकार ने 2025 तक देश को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा है, लेकिन इसके लिए व्यापक जागरूकता और उपचार को प्राथमिकता देने की जरूरत है।