Monday, 12 May 2026 | 04:35 PM
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Pakistan Train Hijack: पाक सेना और बीएलए के बीच 24 घंटे तक चला संघर्ष! पढ़े पूरी खबर

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Pakistan Train Hijack: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में मंगलवार को एक बड़ा आतंकी हमला हुआ, जब बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने जाफर एक्सप्रेस ट्रेन को हाईजैक कर लिया। इस ट्रेन में लगभग 450 यात्री सवार थे, जिन्हें 24 घंटे से अधिक समय तक बंधक बनाकर रखा गया। पाकिस्तानी सेना और बीएलए के लड़ाकों के बीच जबरदस्त संघर्ष हुआ, जिसमें पाक सेना ने सभी आतंकियों को मार गिराने का दावा किया है। वहीं, बीएलए का कहना है कि इस संघर्ष में कई पाकिस्तानी सैनिक मारे गए हैं।

Pakistan Train Hijack: जाने क्या है बलूचिस्तान का इतिहास, संघर्ष और पाकिस्तान का धोखा

बलूचिस्तान पाकिस्तान का सबसे बड़ा प्रांत है, लेकिन यहां की जनसंख्या पाकिस्तान की कुल आबादी का केवल 6% है। प्राकृतिक संसाधनों से भरपूर इस क्षेत्र में दशकों से पाकिस्तान के खिलाफ विद्रोह जारी है। ऐतिहासिक रूप से, 1947 में जब भारत का विभाजन हुआ, तब बलूचिस्तान को स्वतंत्र रहने का विकल्प मिला था। लेकिन मार्च 1948 में, पाकिस्तान ने सैन्य बल का इस्तेमाल कर इसे अपने नियंत्रण में ले लिया। इस जबरन विलय के बाद से ही बलूचिस्तान में अलगाववादी आंदोलन चलते रहे हैं, जिसमें कई बार विद्रोही गुटों और पाकिस्तानी सेना के बीच हिंसक झड़पें हुई हैं।

बलूच जनता की नाराजगी और पाकिस्तान का दमनचक्र

बता दे कि Pakistan Train Hijack का सबसे बड़ा कारण है बलूचिस्तान में दशकों से मानवाधिकार उल्लंघन की घटनाएं सामने आती रही हैं। रिपोर्टों के अनुसार, पाकिस्तानी सेना बलूच नागरिकों को अपहरण, यातना और हत्या का शिकार बनाती है। 2001 से 2017 के बीच 5000 से अधिक बलूच नागरिक लापता हो चुके हैं। एमनेस्टी इंटरनेशनल और अन्य संगठनों का कहना है कि पाकिस्तानी सेना ‘मारो और फेंको’ नीति अपनाती है। बलूचिस्तान का पाकिस्तान से केवल धार्मिक संबंध है, जबकि भाषा, संस्कृति और इतिहास पूरी तरह अलग है। यह विभाजन पूर्वी पाकिस्तान (अब बांग्लादेश) की याद दिलाता है, और अगर हालात नहीं सुधरे, तो पाकिस्तान को एक और बंटवारे का सामना करना पड़ सकता है।