ग्रेटर नोएडा में फर्जी वोट और आरक्षण मुद्दे पर सियासी घमासान, सपा ने उठाए गंभीर सवाल
- sakshi choudhary
- 06 Jun, 2026
ग्रेटर नोएडा में शनिवार को सेक्टर अल्फा-1 स्थित ग्रेटर नोएडा जर्नलिस्ट प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान समाजवादी पार्टी ने भारतीय जनता पार्टी और चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि मतदाता सूची को शुद्ध करने के लिए चलाए गए SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) अभियान के बावजूद गौतमबुद्ध नगर जिले में हजारों फर्जी और डुप्लीकेट वोट मौजूद हैं, जिससे चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। सपा जिलाध्यक्ष सुधीर भाटी ने दावा किया कि दादरी विधानसभा क्षेत्र में 20 हजार से अधिक, जेवर में 10 हजार से अधिक और नोएडा क्षेत्र में भी बड़ी संख्या में संदिग्ध वोट दर्ज हैं। उन्होंने कहा कि एक ही नाम, पिता के नाम और पते पर कई वोट पाए जाना गंभीर अनियमितता है।
प्रेस वार्ता में आरोप लगाया गया कि SIR अभियान के बावजूद मतदाता सूची में सुधार नहीं हुआ, बल्कि विपक्षी मतों को प्रभावित करने की कोशिश की गई है। सपा नेताओं का कहना है कि यदि इतनी बड़ी संख्या में डुप्लीकेट वोट मौजूद हैं तो यह चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़ा करता है। पार्टी ने यह भी आरोप लगाया कि लोकसभा चुनाव में बेहतर प्रदर्शन के बाद भाजपा आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर दबाव में है, इसलिए मतदाता सूची में गड़बड़ी जैसे मुद्दे सामने आ रहे हैं। सपा ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो जिला निर्वाचन अधिकारी और भारत निर्वाचन आयोग को औपचारिक शिकायत देकर बड़ा जनआंदोलन किया जाएगा।
इसके साथ ही प्रेस वार्ता में आरक्षण व्यवस्था को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए गए। सपा नेताओं ने कहा कि 69 हजार शिक्षक भर्ती, लेखपाल भर्ती, ग्राम पंचायत अधिकारी, कृषि प्राविधिक सहायक, वन एवं वन्यजीव रक्षक, प्रवर्तन कांस्टेबल, पशु चिकित्सक और चिकित्सा अधिकारी भर्ती सहित कई चयन प्रक्रियाओं में आरक्षित वर्गों के अधिकारों की अनदेखी की गई है। सपा राष्ट्रीय प्रवक्ता राजकुमार भाटी ने आरोप लगाया कि सरकार पिछड़े, दलित और आदिवासी वर्गों के संवैधानिक अधिकारों को कमजोर कर रही है, जिससे पीडीए समाज में असंतोष और निराशा बढ़ रही है। प्रेस वार्ता में कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिन्होंने इन मुद्दों पर तत्काल जांच और कार्रवाई की मांग की।